हज़रत शाह सकलैन अकेडमी की एतिहासिक पहल, 41 जोड़ों की कराई शादियां

बदायूँ जनमत । शहर में आज 28 अक्टूबर 2018 बरोज़ इतवार को इस्लामिया इंटर कॉलेज के मैदान में हज़रत शाह सक़लैन अकेडमी यूनिट बदायूं की जानिब से एक एतिहासिक प्रोग्राम जश्ने शाह शराफत अली मियाँ रहमतुल्लाह अलेह के मुबारक मौके पर इज्तिमाई निकाह (सामूहिक विवाह) के रूप में आयोजित हुआ ।
प्रोग्राम का आग़ाज़ सुबह 11:00 बजे तिलावते कलामे पाक से हाफिज़ क़ारी आमिल सकलैनी ने किया, इसके बाद जनाब हसीब रौनक़ सकलैनी, जनाब आमिल सकलैनी, जनाब आलम सकलैनी ने नात शरीफ़ के शानदार कलाम पढ़े और सामईन को खूब मेहज़ूज़ किया। 
प्रोग्राम का शुरूआती खिताब अकेडमी के सरपरस्त अल्हाज मुमताज़ मियाँ साहब ने किया और अकेडमी की कार्यकर्दगी के बारे में बताया और कहा कि अकेडमी पिछले 20 साल से इज्तिमाई निकाह के प्रोग्राम अलग अलग शहरो में आयोजित कर रही है और इसके अलावा भी तरह तरह के फलाही व मदद के काम करती है।

अकेडमी के संस्थापक मुम्बई से आये डॉ इस्माइल कुरैशी ने अकेडमी का मक़सद और उसके उद्देश्य के बारे में बताया कि अकेडमी महाराष्ट्र,गुजरात,मध्प्रदेश,पंजाब, उत्तराखण्ड, झारखण्ड, दिल्ली, बिहार, उत्तरप्रेदेश आदि राज्यो में क़ाइम है और सब जगह मुसलसल तरह तरह के ग़रीबो ज़रूरतमंदों की मदद के काम कर रही है
इसके बाद प्रोग्राम के खुसूसी खतीब बरेली से आये अल्लामा हज़रत प्रोफ़ेसर महमूद उल हसन साहब ने हज़रत शाह शराफत अली मियाँ रहमतुल्लाह अलेह की रूहानी ज़िन्दगी पर रौशनी डाली और इज्तिमाई निकाह पर शानदार ख़िताब करते हुए पैग़ाम दिया कि शादियों को आसान बनाएं और ग़लत रस्मो रिवाज व बुराइयों को ख़त्म करें।
इनके बाद खुसूसी मेहमान जनाब डॉक्टर यासीन उस्मानी सहाब ने शानदार ख़िताब किया और कहा कि बदायूं में पहली बार हो रहे ये इजितमयी निक़ाह एक तारीखी और बहुत नेक काम है और उन्होंने हज़रत शाह सकलैन अकेडमी को इस काम के लिए मुबारकबाद पेश की।
दोपहर 2:00 बजे से सभी 41 जोड़ो के निकाह पढ़ाये गए।
 प्रोग्राम में 41 जोड़ों की शादियां कराईं गयी और सभी जोड़ो को ज़रूरते ज़िन्दगी का घरेलू सामान भी तोहफे में दिया गया ।

प्रोग्राम पीरे तरीक़त हज़रत शाह मुहम्मद सकलैन मियाँ हुज़ूर की सरपरस्ती में किया गया और सदारत (अध्यक्षता) अल्हाज मुहम्मद ग़ाज़ी मियाँ साहब ने की।
प्रोग्राम का संचालन जनाब आमिल सकलैनी साहब ने किया।
प्रोग्राम में लंगर का भी उम्दा इंतिज़ाम किया गया था।
प्रोग्राम में खास तौर से अल्हाज मुन्तख़ब मियाँ नूर साहब, अल्हाज मुमताज़ मियाँ साहब की खास देख रेख व ज़िम्मेदारी में ये प्रोग्राम सम्पन हुआ।
इनके अलावा बदायूँ शहर व आसपास के गांव कस्बो से समाजी व सियासी लोग भी शामिल रहे।
जनाब अकेडमी के ज़िला उपाध्यक्ष जनाब अमीरुल हसन खाँ, ज़िला सचिव जनाब असरार अहमद साहब, ज़िला सह सचिव जनाब सादिक़ अली, ज़िला कोषाध्यक्ष जनाब अख्तर हुसैन सकलैनी इन लोगो का पुरे प्रोग्राम में खास योगदान रहा और अपनी ज़िम्मेदारी को बखूबी निभाया।

इनके अलावा जनाब अशफ़ाक़ सकलैनी, जनाब इंतिज़ार सकलैनी, जनाब, लतीफ़ कुरैशी,जनाब मुनीफ़ सकलैनी, जनाब मुन्तसिब सकलैनी, जनाब इंतिखाब सकलैनी, जनाब ग़ुलाम ग़ौस, जनाब हवलदार सकलैनी आदि का खास सहयोग रहा।
प्रोग्राम में बेहतर इंतिज़ाम बनाये रखने के लिए ककराला, अलापुर के अलावा ज़िले के तमाम उपशाखाओं के वालेंटियर्स ने अपनी ज़िम्मेदारियों को बखूबी अदा किया इसके अलावा उझयानी, सहसवान, बदायूं के लोगो ने खीर की सबील का इंतिज़ाम किया।
अकेडमी के बदायूं सदर जनाब मुन्तख़ब अहमद नूर साहब ने सभी मेहमाने खुसूसी व पुलिस प्रशासन और मीडिया का शुक्रिया अदा किया।

प्रोग्राम में उत्तराखंड, दिल्ली, व उत्तर प्रेदश के ज़्यादातर शहरो व गांव कस्बो से हज़ारो की तादाद में अकीदतमंद इखट्टा हुए, शहर के हर तरफ सकलैनियो का हुजूम नज़र आया जिस्से प्रमुख चौराहे जाम से घिर गए और शहर मानो थम सा गया।
प्रोग्राम के आखिर में निकाह का खुत्बा अल्लामा रिफ़ाक़त सकलैनी ने पढ़ा और सलाम आमिल सकलैनी ने पढ़ा और उसके बाद शाह सकलैन मियाँ हुज़ूर ने दुआ करायी ओर मियाँ हुज़ूर ने तलाक से बचने और नेक रास्ते पर चलने की हिदायत दी  और सभी 41 जोड़ो को अपनी दुआओं से नवाज़ा और इसी के साथ प्रोग्राम का समापन हो गया ।

(नोट : कार्यक्रम का वीडियो देखने के लिए जनमत एक्सप्रेस का फेसबुक पेज लाइक करें और यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें - 9997667313)

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