स्वामी प्रसाद मौर्य के पुत्र को पुलिस ने हिरासत में लिया, सांसद संघमित्रा पर कल हुई थी एफआईआर

लखनऊ जनमत। सपा नेता, पूर्व मंत्री और फाजिलनगर विधानसभा से प्रत्याशी स्वामी प्रसाद मौर्य का नाम मतदान से 10 घंटे पूर्व एक बार फिर चर्चा में आ गया है। इस बार चर्चा की वजह बनी है, उनके पुत्र अशोक मौर्य के पुलिस में हिरासत लिए जाने की कार्रवाई। आरोप है कि गैर जिले के निवासी होने के बावजूद वे फाजिलनगर विधानसभा क्षेत्र में वाहनों के साथ घूम रहे थे। पैसा बांटने का भी आरोप लगाया जा रहा है। थाने में चल रही पूछताछ, फाजिलनगर विधानसभा क्षेत्र में पांच वाहनों के साथ पकड़े गए।
आदर्श आचार संहिता के अनुपालन के तहत मतदान के 48 घंटे पूर्व विधानसभा क्षेत्र में बाहरी व्यक्ति को नहीं रहना चाहिए। बावजूद इसके प्रत्याशी पुत्र अशोक अपने कुछ सहयोगियों व समर्थकों के साथ फाजिलनगर विधानसभा के गांव दुदही में घूम रहे थे। लोगों से मिलकर बातचीत कर रहे थे। इसकी शिकायत किसी ने की तो स्टेटिक टीम व पुलिस ने छापामारी कर उनको पकड़ा।

पैसा बांटने का आरोप, एसपी ने कहा सामने आए तथ्यों के आधार पर होगी कार्रवाई

बताया जा रहा है कि उनके साथ पांच वाहन मिले तो कुछ लोग भी मिले। एसपी सचिन्द्र पटेल व जिलाधिकारी एस राजलिंगम ने बताया शाम को ऐसी शिकायत मिली थी कि प्रत्याशी के पुत्र द्वारा प्रचार किया जा रहा है और पैसा बांटा जा रहा है। इस आधार पर कार्रवाई की गई। गिरफ्तारी नहीं की गई, हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। सामने आए तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। इस बात की भी शिकायत मिली है कि उनके द्वारा प्रचार करते हुए पैसा बांटा जा रहा था। इसकी सत्यता भी पता की जा रही है।

पिता के पक्ष में खुलकर सामने आ चुकी हैं सांसद संघमित्रा

सपा-भाजपा कार्यकर्ताओं में विवाद व पथराव के बाद भाजपा सांंसद संघमित्रा ने भाजपा पर निशाना साथा था। मीडिया से रूबरू संघमित्रा ने कहा था कि महिला सुरक्षा की बात करने वाली भाजपा सरकार में उसके ही महिला सांसद को घेरने का प्रयास किया गया। फाजिलनगर की महिलाएं भाजपा को वोट नहीं करेंगी, अपने पिता के पक्ष में मत देने की बात भी कह डाली।


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